जिले में लिखी जा रही विकास की नई गाथा…

कोरबा। यह समय का पहिया है, जो समय के साथ लगातार आगे ही बढ़ता जा रहा है। समय के साथ बदलते हुए परिवेश में आधुनिक आवश्यकताओं को ध्यान रखकर जिले के विकास को नई दिशा दी जा रही है।


मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के दिशा निर्देशन में कलेक्टर अजीत वसंत द्वारा न सिर्फ शासन की योजनाओं के क्रियान्वयन में प्राथमिकता दी जा रही है, अपितु यहां की आवश्यकताओं को ध्यान में रखकर डीएमएफ की राशि का सदुपयोग भी पारदर्शिता के साथ शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल, सडक़ सहित अन्य महत्वपूर्ण कार्यों में किया जा रहा है।

अधोसंरचना के क्षेत्र में महत्वपूर्ण कार्य करने के साथ ही जिले की पहचान विशेष पिछड़ी जनजाति परिवार पहाड़ी कोरवा, बिरहारों को नौकरी देकर आर्थिक रूप से सक्षम बनाकर समाज की मुख्य धारा में जोडऩे की पहल की गई है।

आंगनबाड़ी से लेकर विद्यालय के बच्चों के शारीरिक और मानसिक विकास के साथ बेहतर और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने जर्जर भवनों की जगह नये भवन, नाश्ता, शिक्षकों की भर्ती के साथ उच्च शिक्षा के लिए भी बेहतर प्रयास किये गये हैं। इन्हीं नये प्रयासों से यह कहा जा सकता है कि आने वाले दिनों में कोरबा जिले में विकास की नई भोर होगी। 

जिले में शासन की योजनाओं के क्रियान्वयन और डीएमएफ से हुए महत्वपूर्ण कार्य हुए, साथ ही शासन की जनकल्याणकारी योजना महतारी वंदन योजना, धान खरीदी, जल जीवन मिशन, वय वंदन योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना, पीएम जनमन योजना, श्री रामलला दर्शन योजना, पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना, वन, प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना सहित शासन की महती योजनाओं का लाभ जिलेवासियों को मिल रहा है।

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने खनन प्रभावित क्षेत्रों के समग्र विकास हेतु जिला खनिज संस्थान न्यास मद से जिले को राशि स्वीकृति हेतु प्रावधान किया है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के दिशा निर्देशन में कलेक्टर अजीत वसंत द्वारा जिले के विकास में पारदर्शी तरीके से डीएमएफ की राशि खर्च की जा रही है।