रायपुर, 14 जून 2025: छत्तीसगढ़ सरकार ने सरकारी कार्यालयों में अनुशासन और समयबद्धता को बढ़ावा देने के लिए एक नया आदेश जारी किया है। इस आदेश के तहत सभी सरकारी और अशासकीय कर्मचारियों (नियमित, संविदा, और दैनिक वेतनभोगी) के लिए सुबह 10 बजे से शाम 5:30 बजे तक कार्यालय में उपस्थित रहना अनिवार्य होगा। साथ ही, 15 जून 2025 से आधार-आधारित उपस्थिति प्रणाली लागू की जाएगी।
नए नियमों के अनुसार, कर्मचारियों को अपने मोबाइल फोन के माध्यम से आधार प्रमाणीकरण द्वारा प्रतिदिन उपस्थिति और प्रस्थान दर्ज करना होगा। सरकार ने कार्यालय प्रमुखों को निर्देश दिए हैं कि वे राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र (NIC) के तकनीकी सहयोग से इस प्रणाली को समय पर स्थापित करें और तकनीकी आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए समन्वय करें।
आदेश में कहा गया है कि इस व्यवस्था की नियमित समीक्षा की जाएगी। यदि कोई कर्मचारी या अधिकारी निर्धारित समय पर उपस्थिति दर्ज करने में विफल रहता है, तो इसकी जिम्मेदारी संबंधित कर्मचारी और संस्था प्रमुख दोनों की होगी। सरकार ने इसे अपनी सर्वोच्च प्राथमिकता बताया है, ताकि कार्यालयीन कार्यों का सुचारू संचालन और लोकहित में शासन के आदेशों का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित हो।
यह कदम सरकारी कार्यालयों में कार्य संस्कृति को बेहतर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है। हालांकि, कर्मचारी संगठनों की ओर से इस नई व्यवस्था पर प्रतिक्रिया का इंतजार है। कुछ कर्मचारी संगठनों ने तकनीकी चुनौतियों और ग्रामीण क्षेत्रों में नेटवर्क समस्याओं को लेकर चिंता जताई है, लेकिन सरकार ने स्पष्ट किया है कि तकनीकी सहायता के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।
इस पहल से न केवल कार्यालयों में समयबद्धता बढ़ेगी, बल्कि पारदर्शिता और जवाबदेही भी सुनिश्चित होगी। यह व्यवस्था छत्तीसगढ़ में शासकीय कार्यों की दक्षता बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हो सकती है।








