मतदाता सूची की शुद्धता के लिए SIR अभियान, 2023 की सूची के आधार पर सत्यापन

कोरबा, बिहार में फर्जी मतदाताओं के नाम हटाए जाने के बाद उत्पन्न विवाद के बाद, कोरबा जिले में निर्वाचन आयोग ने मतदाता सूची को शुद्ध करने के लिए विशेष सत्यापन अभियान (SIR) शुरू किया है। 2023 की मतदाता सूची को आधार बनाकर 2025 की सूची का मिलान किया जा रहा है, ताकि आगामी चुनावों में किसी भी गड़बड़ी को रोका जा सके।
15 सितंबर से शुरू हुए इस अभियान में जिले के सभी विधानसभा क्षेत्रों में बूथ लेवल ऑफिसर (BLO) और उनकी टीमें सक्रिय रूप से कार्य कर रही हैं। बीएलओ को निर्देश दिया गया है कि वे सत्यापन कार्य को निर्धारित प्रपत्र में दर्ज करें और प्रतिदिन शाम 4 बजे तक अपनी प्रगति रिपोर्ट वाट्सएप ग्रुप में साझा करें। इससे अधिकारियों को बूथ-वार प्रगति पर नजर रखने में सुविधा होगी। निर्वाचन आयोग ने 1 जनवरी 2026 को अर्हता तिथि मानते हुए नई मतदाता सूची जारी करने का लक्ष्य रखा है।
कोरबा विधानसभा क्षेत्र में विद्युत गृह विद्यालय में बीएलओ की ड्यूटी लगाई गई है। इसके अलावा कटघोरा, रामपुर और पोड़ी-उपरोड़ा-पाली क्षेत्रों में भी SIR से संबंधित कार्य तेजी से चल रहा है। आयोग का उद्देश्य मतदाता सूची को पूरी तरह विश्वसनीय बनाना है। तुलनात्मक रिपोर्ट से यह स्पष्ट होगा कि किन क्षेत्रों में कार्य संतोषजनक है और कहां सुधार की आवश्यकता है। कमियों की स्थिति में संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी। आयोग ने जोर देकर कहा है कि मतदाता सूची की शुद्धता लोकतांत्रिक प्रक्रिया की मजबूती का आधार है।